Bhavina Patel Biography in Hindi | टेबल टेनिस खिलाड़ी भाविना पटेल का जीवन परिचय

नमस्ते दोस्तो इस पोस्ट हम Bhavina Patel Biography in Hindi | टेबल टेनिस खिलाड़ी भाविना पटेल का जीवन परिचय के बारे में जानकारी प्राप्त करेंगे

Bhavina Patel Biography in Hindi | टेबल टेनिस खिलाड़ी भाविना पटेल का जीवन परिचय
Bhavina Patel Biography in Hindi | टेबल टेनिस खिलाड़ी भाविना पटेल का जीवन परिचय

Bhavina Patel Biography in Hindi | टेबल टेनिस खिलाड़ी भाविना पटेल का जीवन परिचय

भाविना का पुरा नाम भाविना हसमुख भाई पटेल है।

सब उन्हे भाविना निक नेम से बुलाते है।

भाविना पटेल टेबल टेनिस खिलाड़ी है।

भाविना पटेल का जन्म 6 नवंबर 1986 में गुजरात राज्य के मेहसाना में हुआ था

भाविना पटेल धर्म जाति से हिंदू है और एक भारतीय भी है।

भाविना पटेल की मातृ भाषा गुजराती है।

भाविना ने पैरालिंपिक 2020 में टेबल टेनिस फाइनल में प्रवेश कीया था

ललन दोषी और तेजलबेन लाखिया भाविना पटेल के वर्तमान कोच है।

Bhavina Patel Biography in Hindi | टेबल टेनिस खिलाड़ी भाविना पटेल का जीवन परिचय
Bhavina Patel Biography in Hindi | टेबल टेनिस खिलाड़ी भाविना पटेल का जीवन परिचय
Bhavina Patel Biography in Hindi | टेबल टेनिस खिलाड़ी भाविना पटेल का जीवन परिचय
Bhavina Patel Biography in Hindi | टेबल टेनिस खिलाड़ी भाविना पटेल का जीवन परिचय

टेबल टेनिस खिलाड़ी भावना पटेल ने अपने करियर में पहली बार पैरालिंपिक में भाग लेकर ऐतिहासिक रजत पदक जीता

रविवार की सुबह भारत और विशेष गुजरात की टेबल टेनिस खिलाड़ी भावना पटेल ने अपने करियर में पहली बार पैरा ओलंपिक में भाग लेकर ऐतिहासिक रजत पदक जीता।

टोक्यो पैरा ओलंपिक में रविवार सुबह महिला एकल टेबल टेनिस वर्ग चार के फाइनल में, भावना पटेल का स्वर्ण पदक जीतने का सपना तब धराशायी हो गया जब वह चीन की दुनिया की नंबर एक किंग झोउ से 0-2 से हार गईं।

6 साल की भावना पटेल ने 15 मिनट के मैच में दो बार की पैरा ओलंपिक गोल्ड मेडलिस्ट यिंग झोउ को 6-11, 6-11 से हराया उन्हें 3-11 से हार का सामना करना पड़ा। भारत ने टोक्यो पैरा ओलंपिक में भावना पटेल के रजत पदक के साथ खाता खोला।

टोक्यो पैरा ओलंपिक में इतिहास रचने के बाद भावना पटेल ने कहा, ‘मैं इस बात से निराश हूं कि मैं मैच में स्वर्ण पदक के लिए 100 फीसदी प्रयास नहीं कर पाई। एक तरफ मैं बहुत खुश हूं और दूसरी तरफ मैं निराश भी हूं।

अगले पैरा ओलंपिक मैं अपनी सभी कमियों को दूर कर लूंगी। मैं संयम बरतने में सक्षम हूं। यह मेरे लिए कोई बड़ी बात नहीं है लेकिन यह मेरा पहला अनुभव था। उल्लेखनीय है कि भारत की पैरा ओलंपिक समिति की वर्तमान अध्यक्ष दीपा मलिक ने 2012 में रियो पैरा ओलंपिक में शॉटपुट में रजत पदक जीता था।

यह भी जरूर पढे: जुंगकुक की जीवनी

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *